bataiye Bhains chara Pani Na piti Ho chara na Khati ho to
यह भूख बंद होना और पानी न पीना है, और यह हल्की बात नहीं है। पहले भैंस को छाँव में रखिए, साफ ठंडा पानी सामने रखिए, और अगर पेट फूला लगे तो उसे धीरे धीरे टहलाइए। मुंह में छाले, बुखार, जुगाली बंद, या पेट दर्द हो तो चारा न खिलाइए, बस साफ पानी और थोड़ा नमक मिला पानी थोड़ा थोड़ा दीजिए। अगर वह खड़ी नहीं हो रही, बहुत सुस्त है, या बारह घंटे से कुछ नहीं खा रही, तो आज ही पशु चिकित्सक को दिखाइए। इलाज में देर करने से दूध भी गिरता है और जान का खतरा भी बढ़ता है।
Region: Bhainsi BO, SHAHJAHANPUR, UTTAR PRADESH

